समग्र समाचार सेवा
वाराणसी,23 अक्टूबर।
शारदीय नवरात्र के सातवें दिन मां दुर्गा की सातवीं शक्ति देवी कालरात्रि के दर्शन पूजन और उपासना का विधान है। सुबह से ही देवी दर्शन के लिए मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ रही। नव दुर्गा की सातवीं शक्ति माता कालरात्रि काशी के कालिका मंदिर दशाश्वमेध क्षेत्र में विराजमान है। मंगला आरती के बाद मंदिर प्रांगण मां के जयकारों से गूंज उठा दरबार में पहुंचने वाले भक्त माला फूल नारियल चुनरी प्रसाद लेकर मां कालरात्रि से अपनी मनोकामनाओं की विनती करते नजर आए। मानता है कि इनके दर्शन मात्र से ग्रह पीड़ा की सभी बाधाएं सदैव शांत हो जाती है। भक्त ऊर्जावान हो जाता है एवं मां अपने भक्तों की काल से परे होकर सदैव रक्षा करती है। उनके समस्त पापों का दमन करते हुए उनके हर मनोकामना को पूर्ण करती हैं ।