समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली, 13नवंबर। टीम इंडिया के स्टार बल्लेबाज मुरली विजय कथित तौर पर कोरोना वैक्सीन नहीं लगवाना चाहते हैं। बीसीसीआई इस समय घरेलू टी-20 टूर्नामेंट सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी का आयोजन करवा रही है और बोर्ड ने कोरोना वायरस से बचाव के लिए कोविड-19 वैक्सीन को लगवाना सभी खिलाड़ियों के लिए जरूरी कर रखा है। रिपोर्ट के मुताबिक, मुरली बायो बबल में भी एंट्री नहीं लेना चाहते हैं और इसलिए वे तमिलनाडु की टीम और टूर्नामेंट से दूर हैं, साथ ही उन्होंने क्रिकेट से दूरी भी बना ली है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मुरली अगर कोरोना प्रोटोकॉल का पालन भी करते हैं तो भी उनके टीम में सिलेक्शन की गारंटी नहीं है। ऐसा इसलिए है क्योंकि 37 साल के इस क्रिकेटर ने पिछले दो साल से अधिक समय से कोई घरेलू टूर्नामेंट नहीं खेला है। मुरली पिछले दो आईपीएल सीजन में भी हिस्सा नहीं ले सके थे और उन्होंने घरेलू टीम तमिलनाडु के लिए अपना आखिरी मैच 2019 में कर्नाटक के खिलाफ खेला था। यही वजह है कि सिलेक्टर्स ने अपनी मीटिंग में उनके बारे में चर्चा तक नहीं की।
अगर मुरली विजय वैक्सीन लेने के लिए तैयार भी होते तो उन्हें टीम में जगह के लिए इस उम्र में एक बार फिर अपनी फिटनेस साबित करनी होती। मुरली विजय लंबे समय से टीम इंडिया से बाहर है। उन्होंने अपना पिछला टेस्ट मैच साल 2018 में खेला था। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर यह मैच खेला था। विजय चेन्नई सुपर किंग्स का भी हिस्सा थे हालांकि इस सीजन में वह उनके लिए खेले थे।