पटना में ‘स्मार्ट छठ’ की शुरुआत: ऐप पर मिलेंगी घाटों की सभी जानकारी
जिला प्रशासन ने छठव्रतियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए लॉन्च किया 'छठ पूजा पटना' मोबाइल ऐप और वेबसाइट; एक क्लिक पर मिलेगी घाट, पार्किंग और सुरक्षा की पूरी डिटेल।
- डिजिटल छठ पहल: पटना जिला प्रशासन ने छठ महापर्व 2025 के लिए ‘छठ पूजा पटना’ मोबाइल ऐप और वेबसाइट लॉन्च की।
- एक क्लिक में जानकारी: श्रद्धालु अब एक ही प्लेटफॉर्म पर घाटों की स्थिति, सुरक्षित/खतरनाक घाटों की सूची, पार्किंग स्थल और नेविगेशन की जानकारी ले सकते हैं।
- हाई-टेक सुरक्षा: 35 घाटों पर 187 कैमरों से पटना स्मार्ट सिटी के नियंत्रण केंद्र द्वारा रियल-टाइम निगरानी की जा रही है।
समग्र समाचार सेवा
पटना, 27 अक्टूबर: बिहार की राजधानी पटना में आस्था के महापर्व छठ को इस वर्ष तकनीक के साथ जोड़कर ‘स्मार्ट छठ’ का रूप दिया गया है। छठव्रतियों और आम श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए, पटना जिला प्रशासन ने ‘छठ पूजा पटना’ नामक एक विशेष मोबाइल ऐप और वेबसाइट (www.chhathpujapatna.in) का लोकार्पण किया है। जिला पदाधिकारियों ने इसे बिहार में छठ जैसे महापर्व की निगरानी और सूचना व्यवस्था को डिजिटल ढंग से जोड़ने की पहली बड़ी पहल बताया है।
तकनीक और आस्था का संगम: सुविधाएं ही सुविधाएं
डीएम डॉ. त्यागराजन एस. एम., एसएसपी कार्तिके के शर्मा और नगर आयुक्त यशपाल मीणा की उपस्थिति में इस डिजिटल प्लेटफॉर्म की शुरुआत हुई। इस ऐप और वेबसाइट का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और स्वच्छ वातावरण में पूजा करने में मदद करना है।
ऐप पर उपलब्ध मुख्य सुविधाएं:
घाटों का विवरण: पटना के सभी छठ घाटों की सूची, उनकी स्थिति (सुरक्षित या खतरनाक), और गंगा नदी से दूरी की जानकारी।
नेविगेशन (Navigation): घाट तक पहुंचने के लिए जीपीएस आधारित रास्ता (Google Map Link) और पार्किंग स्थलों की लोकेशन।
आपातकालीन संपर्क: घाटों पर तैनात जोनल/सेक्टर अधिकारियों (दंडाधिकारी) के नाम और मोबाइल नंबर, नियंत्रण कक्षों और चिकित्सा शिविरों की जानकारी।
शिकायत एवं सुझाव: श्रद्धालु ऐप या वेबसाइट के माध्यम से सीधे प्रशासन को अपनी शिकायतें या सुझाव भेज सकते हैं।
सुरक्षा दिशा-निर्देश: घाटों पर क्या करें और क्या न करें, इसके संबंध में आवश्यक सावधानियां।
सुरक्षा पर पैनी नजर: 187 कैमरों की निगरानी
इस पहल के तहत, पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड के सहयोग से शहर के 35 महत्वपूर्ण घाटों पर 187 अत्याधुनिक पीटीजेड (पैन-टिल्ट-जूम) और फिक्स कैमरों का एक मजबूत निगरानी तंत्र स्थापित किया गया है। इन कैमरों की रियल-टाइम मॉनीटरिंग के लिए एक कंट्रोल सेंटर सक्रिय किया गया है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या आपात स्थिति की सूचना तत्काल घाटों पर मौजूद एसडीआरएफ (SDRF) और एनडीआरएफ (NDRF) टीमों तथा प्रशासनिक अधिकारियों को दी जाएगी, ताकि त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
इसके अलावा, पब्लिक एड्रेस सिस्टम के माध्यम से भी श्रद्धालुओं को लगातार सुरक्षा और स्वच्छता संबंधी जागरूकता संदेश दिए जा रहे हैं। जिला प्रशासन ने छठव्रतियों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे इस सुविधा का उपयोग कर सुरक्षित छठ पर्व के आयोजन में सहयोग करें।