- भारत और चीन के बीच बीजिंग में WMCC बैठक आयोजित हुई।
- एलएसी पर स्थिति को लेकर रचनात्मक और सकारात्मक चर्चा हुई।
- सीमा पर शांति को संबंध सामान्य करने की प्रमुख शर्त माना गया।
- दोनों देशों ने विशेष प्रतिनिधियों की अगली बैठक की तैयारी पर सहमति जताई।
- वार्ता को भारत-चीन संबंधों में विश्वास बहाली की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
समग्र समाचार सेवा
नई दिल्ली/बीजिंग, 28 मई : भारत और चीन के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर जारी तनाव को कम करने और द्विपक्षीय संबंधों को सामान्य बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। दोनों देशों ने पूर्वी लद्दाख क्षेत्र में सीमा स्थिति पर “रचनात्मक” और “भविष्य उन्मुख” चर्चा करते हुए माना कि सीमा पर शांति और स्थिरता बनाए रखना दोनों देशों के संबंधों को सामान्य बनाने के लिए बेहद जरूरी है।
यह वार्ता बुधवार को बीजिंग में आयोजित वर्किंग मैकेनिज्म फॉर कंसल्टेशन एंड कोऑर्डिनेशन (WMCC) की बैठक के दौरान हुई। बैठक में दोनों पक्षों ने एलएसी से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। साथ ही यह भी सहमति बनी कि अगले विशेष प्रतिनिधि (Special Representatives) स्तर की बैठक की तैयारी को मजबूत किया जाएगा, जिसकी मेजबानी चीन करेगा।
भारत और चीन के बीच पिछले कुछ वर्षों से सीमा विवाद को लेकर तनाव बना हुआ था। हालांकि हाल के महीनों में दोनों देशों ने सैन्य और कूटनीतिक स्तर पर कई दौर की बातचीत कर संबंधों को स्थिर करने की कोशिश की है। इस बैठक को भी उसी प्रक्रिया का अहम हिस्सा माना जा रहा है।