गुरुत्वाकर्षण: देह, स्मृति और जीवन का द्वंद्व
विनायकपुरी के आद्यापीठ में आज बहुत भीड़ है। आज गुरुमाँ का जन्मदिन जो है। भक्तों को मना किए जाने के बावजूद कौन मानता है? रुचि चार घंटे कार चलाकर मुंबई से आद्यापीठ पहुँची थी। गुरुमाँ व्यासपीठ पर बैठकर प्रवचन दे रही थीं – देह के प्रत्येक…