- सूचना मिलते ही SDRF टीम मौके पर पहुंची, रस्सियों के सहारे वैकल्पिक रास्ते से सभी यात्रियों को सुरक्षित निकाला गया।
- कई घंटे चले राहत व बचाव अभियान में सभी 100 श्रद्धालु सकुशल अपने गंतव्य की ओर रवाना।
- प्रशासन ने चारधाम यात्रा पर जाने वालों को मौसम और सड़क की स्थिति की जांच व निर्देशों के पालन की अपील की।
समग्र समाचार सेवा
चमौली (उत्तराखंड), 12 जुलाई :उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश के कारण चारधाम यात्रा मार्गों पर खतरा बढ़ गया है। शनिवार को यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्यानाचट्टी के पास अचानक भारी भूस्खलन हुआ, जिससे सड़क पूरी तरह मलबे से पट गई। इस हादसे में लगभग 100 श्रद्धालु बीच रास्ते में फंस गए।
घटना की सूचना मिलते ही SDRF की टीमें बड़कोट और जानकीचट्टी पोस्ट से तुरंत मौके पर पहुंचीं। चूंकि सड़क पूरी तरह बंद थी, SDRF जवानों ने तेज बारिश और मलबे के बीच रस्सियों के सहारे वैकल्पिक रास्ता बनाया। एक-एक श्रद्धालु को सावधानीपूर्वक रस्सी के सहारे सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया गया। राहत व बचाव अभियान कई घंटों तक चला और सभी यात्रियों को सुरक्षित निकालकर उनकी यात्रा गंतव्य की ओर रवाना किया गया।
बारिश के चलते यमुनोत्री धाम यात्रा मार्ग पर भूस्खलन और मलबा गिरने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि यात्रा शुरू करने से पहले मौसम की पूरी जानकारी लें और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करें।
इस तरह SDRF की तत्परता और प्रशासन की सतर्कता के चलते एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया और सभी श्रद्धालु सुरक्षित बचा लिए गए।