प्रधानमंत्री मोदी और टैक्स सुधार की “अंतरकथा”
पूनम शर्मा
भारत की कर प्रणाली हमेशा से एक ऐसा जटिल जाल रही है जिसमें आम नागरिक अक्सर उलझ कर रह जाता था। टैक्स दरें इतनी असमान और उलझी हुई थीं कि साधारण इंसान को समझ ही नहीं आता था कि उसे कितना देना है और किस नियम के तहत देना है।…