समग्र समाचार सेवा
हैदराबाद,8अगस्त। ईएसआईसी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, सनतनगर, हैदराबाद ने चिकित्सा विज्ञान और अंग प्रत्यारोपण के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि प्राप्त की है। अस्पताल ने 6 अगस्त, 2024 को एक मृतक रोगी (कडैवर) के अंगों की पुनः प्राप्ति कर उनका सफलतापूर्वक प्रत्यारोपण किया। इस उपलब्धि से अस्पताल की चिकित्सा सेवाओं की क्षमताओं और जीवन बचाने की प्रतिबद्धता में महत्वपूर्ण प्रगति का प्रदर्शन होता है।
अंगदाता एक 45 वर्षीय पुरुष था, जिसे ईएसआईसी अस्पताल, सनतनगर, हैदराबाद में ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया था। अस्पताल की न्यूरो सर्जरी टीम ने डॉ. सैमसन के नेतृत्व में परिजनों को अंगदान के महत्व के बारे में सलाह दी और उन्हें इस विषय में शिक्षित किया। तिमारदारों की सहमति के बाद अंगदान की प्रक्रिया शुरू की गई। अंगदान की पहल का समर्थन करते हुए, जीवनधन ने ईएसआईसी को अंग आबंटित किए।
कडैवर की एक किडनी प्राप्त करने वाली एक 50 वर्षीय महिला रोगी थी। यह महिला ईएसआईसी की लाभार्थी थी और पिछले 4 वर्षों से डायलिसिस पर थी। कडैवर का लीवर और एक अन्य किडनी उस्मानिया जनरल अस्पताल को आवंटित की गई, जहां दो और प्राप्तकर्ताओं को दाता के अंगों का लाभ मिला और उनकी जान बच गई।
मृतक मरीज के अंगों की पुनः प्राप्ति डॉ. मधु, डॉ. संदीप और उनकी टीम द्वारा की गई। ईएसआईसी अस्पताल, सनतनगर में डोनर ट्रांसप्लांट डॉ. जगदीश्वर और डॉ. पांडु रंगा राव, चीफ ट्रांसप्लांट सर्जन द्वारा किया गया। एनेस्थीसिया टीम का नेतृत्व डॉ. नागार्जुन और नेफ्रोलॉजी टीम का नेतृत्व डॉ. धनलक्ष्मी ने किया।
ईएसआईसी अस्पताल के लिए यह एक महत्वपूर्ण अवसर था, जिसमें जीवनधन से अंगों का आवंटन हुआ। इससे अधिक रोगियों का आवश्यक अंग प्रत्यारोपण संभव हो पाया, जिससे वे स्वस्थ और सक्रिय जीवन जी सकते हैं। इस जटिल प्रक्रिया को अत्यधिक सटीकता और देखभाल के साथ पूरा किया गया।
इस उपलब्धि ने अंग दान को प्रोत्साहित करने और उन्नत प्रत्यारोपण सेवाओं के प्रति अस्पताल के समर्पण को रेखांकित किया है। अस्पताल की कडैवर ऑर्गन रिट्रीवल प्रक्रिया में डॉक्टरों, प्रशासन, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ की टीमों के बीच कुशल योजना और समन्वय शामिल था। यह उपलब्धि अस्पताल की उन्नत अवसंरचना और इसके समर्पित चिकित्सा पेशेवरों की विशेषज्ञता पर प्रकाश डालती है। यह सुनिश्चित करती है कि पुनर्प्राप्ति से लेकर प्रत्यारोपण तक की पूरी प्रक्रिया को अत्यंत दक्षता और करुणा के साथ संभाला जाए।
ईएसआईसी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, सनतनगर, हैदराबाद उन्नत स्वास्थ्य सेवाओं और नवाचारी प्रथाओं तथा अत्याधुनिक तकनीक के माध्यम से ईएसआई लाभार्थियों के स्वास्थ्य में सुधार के लिए प्रतिबद्ध है। इस प्रक्रिया का सफल निष्पादन अपनी क्षमता वृद्धि तथा समुदाय को बेहतर चिकित्सा सेवा प्रदान करने के अस्पताल के जारी प्रयासों को दिखाता है।
इस प्रकार, मृतक मरीज के अंगों के सफल प्रत्यारोपण ने यह साबित कर दिया कि अंगदान से कई लोगों की जान बचाई जा सकती है और यह समाज के प्रति एक महान सेवा है। यह ईएसआईसी अस्पताल, सनतनगर के लिए एक गौरव का क्षण है, जो भविष्य में और अधिक लोगों की जान बचाने के लिए प्रेरित करता है।